लगाव
अनुभूतियों के विस्मृत-अविस्मृत पल जो कि अबाध गतिविधियों के साथ अग्रसर होता है |
2 अक्टूबर 2011
अपलक दृश्य
सोचता हूँ कदम बढ़ाऊ
सामना करना पडता है
अपलक दृश्यों का
कंटीली राहों पर
हमेशा अदृश्य संदेशों
के सहारे फिर हट
जाता है बढता कदम
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